जबलपुर में महिलाओं का अपराध नेटवर्क बढ़ रहा:एसिड अटैक से लेकर गांजा तस्करी तक में महिलाएं; एएसपी बोली- यह चिंता विषय

जबलपुर में तेजी से बढ़ते अपराधों के बीच अब महिलाओं और किशोरियों की भी भागीदारी बढ़ रही है। पुरुषों की तरह महिलाएं भी गैंग बनाकर अपराध कर रही हैं। मारपीट, एसिड अटैक से लेकर गांजा तस्करी तक में महिलाएं पीछे नहीं हैं। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार अपहरण, तस्करी, हमले, धमकियां, हनी ट्रैप और सोशल मीडिया पर डर फैलाने जैसी वारदातों में महिलाओं की संख्या तेजी से बढ़ी है। यह पुरुषों के अपराधों के साथ महिलाओं के बढ़ते अपराध पुलिस के लिए चुनौती बन रहे हैं। जानिए हालही के 5 केस केस 1: लेडी गैंग ने अपहरण और मारपीट का वीडियो सोशल मीडिया पर डाला 22 नवंबर को सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें युवतियां एक महिला का अपहरण कर मारपीट कर रही थीं और वीडियो बना रही थीं। मामले में ग्वारीघाट थाना में शिकायत दर्ज कराई गई। पुलिस ने 3 महिला आरोपियों को गिरफ्तार किया, जिसमें दो 17 वर्षीय नाबालिग को बाल सुधार गृह और एक युवती को जेल भेजा गया। केस 2: अंतरराज्यीय गांजा तस्करी में महिलाएं शामिल जनवरी 2025 में क्राइम ब्रांच ने 3 महिला सहित 7 गांजा तस्करों को लाखों रुपए के गांजा और लग्जरी कार के साथ गिरफ्तार किया। गैंग की लीडर सत्यकला खरे थी, जो उड़ीसा से रायपुर होते हुए गांजा जबलपुर के ग्रामीण क्षेत्रों में सप्लाई करती थी। केस 3: ब्लैकमेल और इंस्टाग्राम का प्रयोग 25 साल की गैंग मास्टरमाइंड रागिनी शर्मा इंस्टाग्राम के माध्यम से लड़कों से दोस्ती कर उन्हें ब्लैकमेल करती थी। दो दिन पहले नरसिंहपुर जिले के करेली की रागिनी और उसके साथी विवेक एवं साहिल को गिरफ्तार किया गया। इस मामले में दो कॉन्स्टेबल की भी भूमिका सामने आई, जिन्हें एसपी ने लाइन अटैच किया। केस 4: नाबालिग युवती ड्रग डीलर बन गई 28 नवंबर को जीआरपी ने एक महिला और नाबालिग लड़की को गिरफ्तार किया। मेकअप और स्टाइलिश दिखने वाली शिवानी नाम की युवती के बैग से सवा लाख रुपए का गांजा जब्त हुआ। युवती ने बताया कि वह पाउच बनाकर शहर में गांजा बेचती थी। केस 5: सहेली पर एसिड अटैक जून 2025 में ग्वारीघाट में इशिता साहू ने अपनी सहेली श्रद्धा दास पर एसिड फेंका। दोनों के बीच ईर्ष्या और जलन का मामला था। श्रद्धा के पास सब कुछ था, जबकि इशिता के पास कुछ नहीं था, जिससे यह घटना हुई। महिलाओं का अपराध में शामिल होना चिंता का विषय एएसपी अंजना तिवारी ने कहा कि महिलाओं का अपराधों में शामिल होना सामाजिक, आर्थिक और सोशल फैक्टर के साथ जुड़ा हुआ है। महिलाओं की संवेदनशीलता और परिवार के साथ जुड़ाव होने के बावजूद वे अपराध की तरफ आकर्षित हो रही हैं। एएसपी ने बताया कि सोशल मीडिया और इंटरनेट अपराध की ओर खींचते हैं। व्यस्क महिलाएं जब बड़ी घटनाओं में शामिल होती हैं, तो समाज को सोचना चाहिए कि इसे कैसे रोका जाए। क्यों बढ़ रहा है महिलाओं का अपराध? पुलिस और समाजशास्त्रियों का मानना है कि बढ़ती प्रवृत्ति के पीछे मुख्य कारण हैं सोशल मीडिया बना अपराध प्रदर्शन का मंच कुछ युवतियों ने अपराध को दिखाने के लिए सोशल मीडिया को मंच बना दिया है। चाकू, हथियार और गुंडागर्दी वाले वीडियो पोस्ट कर डर फैलाना आम हो गया है। इससे अपराध बढ़ता है और अन्य युवा भी भटक सकते हैं। जबलपुर पुलिस ने महिला अपराधियों पर विशेष निगरानी शुरू कर दी है। एसपी ने सभी थाना प्रभारियों को निर्देश दिए हैं कि महिलाएं अपराधियों की गतिविधियों पर लगातार नजर रखें और सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो की सूचना पर तुरंत कार्रवाई करें।

जबलपुर में महिलाओं का अपराध नेटवर्क बढ़ रहा:एसिड अटैक से लेकर गांजा तस्करी तक में महिलाएं; एएसपी बोली- यह चिंता विषय
जबलपुर में तेजी से बढ़ते अपराधों के बीच अब महिलाओं और किशोरियों की भी भागीदारी बढ़ रही है। पुरुषों की तरह महिलाएं भी गैंग बनाकर अपराध कर रही हैं। मारपीट, एसिड अटैक से लेकर गांजा तस्करी तक में महिलाएं पीछे नहीं हैं। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार अपहरण, तस्करी, हमले, धमकियां, हनी ट्रैप और सोशल मीडिया पर डर फैलाने जैसी वारदातों में महिलाओं की संख्या तेजी से बढ़ी है। यह पुरुषों के अपराधों के साथ महिलाओं के बढ़ते अपराध पुलिस के लिए चुनौती बन रहे हैं। जानिए हालही के 5 केस केस 1: लेडी गैंग ने अपहरण और मारपीट का वीडियो सोशल मीडिया पर डाला 22 नवंबर को सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें युवतियां एक महिला का अपहरण कर मारपीट कर रही थीं और वीडियो बना रही थीं। मामले में ग्वारीघाट थाना में शिकायत दर्ज कराई गई। पुलिस ने 3 महिला आरोपियों को गिरफ्तार किया, जिसमें दो 17 वर्षीय नाबालिग को बाल सुधार गृह और एक युवती को जेल भेजा गया। केस 2: अंतरराज्यीय गांजा तस्करी में महिलाएं शामिल जनवरी 2025 में क्राइम ब्रांच ने 3 महिला सहित 7 गांजा तस्करों को लाखों रुपए के गांजा और लग्जरी कार के साथ गिरफ्तार किया। गैंग की लीडर सत्यकला खरे थी, जो उड़ीसा से रायपुर होते हुए गांजा जबलपुर के ग्रामीण क्षेत्रों में सप्लाई करती थी। केस 3: ब्लैकमेल और इंस्टाग्राम का प्रयोग 25 साल की गैंग मास्टरमाइंड रागिनी शर्मा इंस्टाग्राम के माध्यम से लड़कों से दोस्ती कर उन्हें ब्लैकमेल करती थी। दो दिन पहले नरसिंहपुर जिले के करेली की रागिनी और उसके साथी विवेक एवं साहिल को गिरफ्तार किया गया। इस मामले में दो कॉन्स्टेबल की भी भूमिका सामने आई, जिन्हें एसपी ने लाइन अटैच किया। केस 4: नाबालिग युवती ड्रग डीलर बन गई 28 नवंबर को जीआरपी ने एक महिला और नाबालिग लड़की को गिरफ्तार किया। मेकअप और स्टाइलिश दिखने वाली शिवानी नाम की युवती के बैग से सवा लाख रुपए का गांजा जब्त हुआ। युवती ने बताया कि वह पाउच बनाकर शहर में गांजा बेचती थी। केस 5: सहेली पर एसिड अटैक जून 2025 में ग्वारीघाट में इशिता साहू ने अपनी सहेली श्रद्धा दास पर एसिड फेंका। दोनों के बीच ईर्ष्या और जलन का मामला था। श्रद्धा के पास सब कुछ था, जबकि इशिता के पास कुछ नहीं था, जिससे यह घटना हुई। महिलाओं का अपराध में शामिल होना चिंता का विषय एएसपी अंजना तिवारी ने कहा कि महिलाओं का अपराधों में शामिल होना सामाजिक, आर्थिक और सोशल फैक्टर के साथ जुड़ा हुआ है। महिलाओं की संवेदनशीलता और परिवार के साथ जुड़ाव होने के बावजूद वे अपराध की तरफ आकर्षित हो रही हैं। एएसपी ने बताया कि सोशल मीडिया और इंटरनेट अपराध की ओर खींचते हैं। व्यस्क महिलाएं जब बड़ी घटनाओं में शामिल होती हैं, तो समाज को सोचना चाहिए कि इसे कैसे रोका जाए। क्यों बढ़ रहा है महिलाओं का अपराध? पुलिस और समाजशास्त्रियों का मानना है कि बढ़ती प्रवृत्ति के पीछे मुख्य कारण हैं सोशल मीडिया बना अपराध प्रदर्शन का मंच कुछ युवतियों ने अपराध को दिखाने के लिए सोशल मीडिया को मंच बना दिया है। चाकू, हथियार और गुंडागर्दी वाले वीडियो पोस्ट कर डर फैलाना आम हो गया है। इससे अपराध बढ़ता है और अन्य युवा भी भटक सकते हैं। जबलपुर पुलिस ने महिला अपराधियों पर विशेष निगरानी शुरू कर दी है। एसपी ने सभी थाना प्रभारियों को निर्देश दिए हैं कि महिलाएं अपराधियों की गतिविधियों पर लगातार नजर रखें और सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो की सूचना पर तुरंत कार्रवाई करें।