तीन माह से राशन नहीं मिलने का आरोप, पलारी के सैकड़ों ग्रामीण पहुंचे कलेक्टोरेट

कोण्डागांव, 30 दिसंबर। जिला मुख्यालय कोण्डागांव से लगे ग्राम पंचायत पलारी में पिछले तीन माह से राशन नहीं मिलने की शिकायत को लेकर सोमवार को सैकड़ों ग्रामीणों का दल कलेक्टर कार्यालय पहुंचा। ग्रामीणों ने शासकीय उचित मूल्य दुकान के माध्यम से मिलने वाले पीडीएस राशन वितरण में गंभीर अनियमितता का आरोप लगाते हुए प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग की। कलेक्टर कार्यालय पहुंचे ग्रामीणों राधिका देवांगन, अनिता बघेल, रामदाई सहित अन्य ने बताया कि ग्राम पंचायत पलारी में संचालित शासकीय उचित मूल्य दुकान से कई हितग्राहियों को लगातार 2 से 3 माह से राशन नहीं मिल रहा है। ग्रामीणों का आरोप है कि कई बार राशन देने के नाम पर फिंगरप्रिंट (अंगूठा) ले लिया जाता है, लेकिन तत्काल राशन नहीं दिया जाता और बाद में महीनों तक चक्कर लगवाए जाते हैं। इस मनमानी से ग्रामीण खासे परेशान हैं। आरोपों को बताया निराधार इधर, राशन दुकान की सेल्स महिला दीपिका देवांगन ने ग्रामीणों के आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि जिन हितग्राहियों का केवाईसी पूरा नहीं हुआ है, उन्हें राशन नहीं दिया गया है, जबकि अन्य सभी को नियमित रूप से राशन वितरण किया जा रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि इस संबंध में जिला स्तर के अधिकारियों को पूर्व में जानकारी दी जा चुकी है।पूरे मामले को लेकर ग्रामीणों ने कोण्डागांव कलेक्टर कार्यालय में एसडीएम अजय उरांव को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में ग्राम पंचायत पलारी में राशन वितरण में घोर अनियमितता का आरोप लगाते हुए जांच की मांग की गई है। एसडीएम अजय उरांव ने ग्रामीणों की शिकायत को गंभीरता से लेते हुए मामले की जांच कर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है। उन्होंने कहा कि जांच के बाद जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर नियमानुसार कदम उठाए जाएंगे।

तीन माह से राशन नहीं मिलने का आरोप, पलारी के सैकड़ों ग्रामीण पहुंचे कलेक्टोरेट
कोण्डागांव, 30 दिसंबर। जिला मुख्यालय कोण्डागांव से लगे ग्राम पंचायत पलारी में पिछले तीन माह से राशन नहीं मिलने की शिकायत को लेकर सोमवार को सैकड़ों ग्रामीणों का दल कलेक्टर कार्यालय पहुंचा। ग्रामीणों ने शासकीय उचित मूल्य दुकान के माध्यम से मिलने वाले पीडीएस राशन वितरण में गंभीर अनियमितता का आरोप लगाते हुए प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग की। कलेक्टर कार्यालय पहुंचे ग्रामीणों राधिका देवांगन, अनिता बघेल, रामदाई सहित अन्य ने बताया कि ग्राम पंचायत पलारी में संचालित शासकीय उचित मूल्य दुकान से कई हितग्राहियों को लगातार 2 से 3 माह से राशन नहीं मिल रहा है। ग्रामीणों का आरोप है कि कई बार राशन देने के नाम पर फिंगरप्रिंट (अंगूठा) ले लिया जाता है, लेकिन तत्काल राशन नहीं दिया जाता और बाद में महीनों तक चक्कर लगवाए जाते हैं। इस मनमानी से ग्रामीण खासे परेशान हैं। आरोपों को बताया निराधार इधर, राशन दुकान की सेल्स महिला दीपिका देवांगन ने ग्रामीणों के आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि जिन हितग्राहियों का केवाईसी पूरा नहीं हुआ है, उन्हें राशन नहीं दिया गया है, जबकि अन्य सभी को नियमित रूप से राशन वितरण किया जा रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि इस संबंध में जिला स्तर के अधिकारियों को पूर्व में जानकारी दी जा चुकी है।पूरे मामले को लेकर ग्रामीणों ने कोण्डागांव कलेक्टर कार्यालय में एसडीएम अजय उरांव को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में ग्राम पंचायत पलारी में राशन वितरण में घोर अनियमितता का आरोप लगाते हुए जांच की मांग की गई है। एसडीएम अजय उरांव ने ग्रामीणों की शिकायत को गंभीरता से लेते हुए मामले की जांच कर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है। उन्होंने कहा कि जांच के बाद जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर नियमानुसार कदम उठाए जाएंगे।