नाबालिग के साथ छेड़छाड़,पुलिस ने थाने में 3 घंटे बैठाया:इंदौर के परदेशीपुरा थाने में टीआई अनुपस्थित; ऐसे मामलों में तत्काल FIR दर्ज करने के हैं निर्देश
नाबालिग के साथ छेड़छाड़,पुलिस ने थाने में 3 घंटे बैठाया:इंदौर के परदेशीपुरा थाने में टीआई अनुपस्थित; ऐसे मामलों में तत्काल FIR दर्ज करने के हैं निर्देश
इंदौर के परदेशीपुरा थाने में टीआई के अनुपस्थित रहने के दौरान एक नाबालिग से छेड़छाड़ और गंभीर अपराध के मामले में पुलिस स्टाफ ने पीड़ित परिवार को थाने में करीब तीन घंटे बैठाया। बाद में जब टीआई आरडी कानवा थाने पहुंचे, तो परिवार ने उन्हें पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी। टीआई ने स्टाफ को फटकारते हुए आरोपी को हिरासत में लेने और तुरंत एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए। जबकि पिछले दिनों ही पुलिस कमिश्नर संतोष सिंह ने निर्देश दिए थे कि थाने में टीआई के अनुपस्थित रहने पर भी ड्यूटी अधिकारी सीनियर अधिकारियों को जानकारी देते हुए तत्काल एफआईआर दर्ज करें। इसके बावजूद कई थानों में यह निर्देश पालन नहीं किया जा रहा है। परदेशीपुरा पुलिस ने रविवार-सोमवार दरमियानी रात 10 वर्षीय लड़की की मां की शिकायत पर ग्यारसी लाल पुत्र देवचंद्र के खिलाफ छेड़छाड़ सहित गंभीर धाराओं में एफआईआर दर्ज की। इधर, मंगलवार को पीड़िता को 20 नंबर कोर्ट में धारा 164 के बयान के लिए पेश किया गया। पीड़िता की मां के मुताबिक आरोपी ने ढाई महीने पहले भी उनकी बेटी के साथ गलत हरकत की थी, लेकिन लोकलाज के कारण उस समय किसी को कुछ नहीं बताया गया। कबिट देने के बहाने बुलाया बेटी को पीड़िता की मां ने बताया कि वह ज्यादातर समय घर पर नहीं रहती। पहली बार आरोपी ने 25 नवंबर 2025 को बेटी को “कबिट देने” के बहाने बुलाया। इसके बाद उसने बच्ची को गोद में बैठाकर गलत हरकत की। बच्ची डरकर घर भाग गई और शाम को मां को पूरी घटना बताई। हालांकि, लोकलाज के कारण उन्होंने किसी को नहीं बताया और बेटी को समझाया कि ग्यारसी लाल के बुलाने पर न जाए। मोबाइल पर मिली नग्न तस्वीरें 17 जनवरी की रात मोबाइल देखने पर मां ने देखा कि बेटी की बिना कपड़ों की कुछ तस्वीरें थीं। जब बेटी से पूछा गया, तो उसने बताया कि ग्यारसी लाल ने यह तस्वीरें दिखाने को कहा और धमकी दी कि अगर ऐसा नहीं किया तो पिता को मार दिया जाएगा। इसके बाद पीड़िता ने पूरे मामले की जानकारी अपने पति को दी। पुलिस स्टाफ ने 3 घंटे बैठाया थाने में रविवार को परिवार आरोपी से मिलने गया, जहां ग्यारसी लाल और उसका बेटा योगेश अपशब्द बोले और मारपीट करते हुए धमकाया। इसके बाद पीड़ित परिवार बच्ची के साथ थाने पहुंचा। टीआई आरडी कानवा के न आने के कारण ड्यूटी पर मौजूद महिला अधिकारी ने परिवार की बात सुनी, लेकिन करीब तीन घंटे तक इंतजार कराया गया। रात में टीआई के आने पर एफआईआर दर्ज कर ग्यारसी लाल को हिरासत में लिया गया।
इंदौर के परदेशीपुरा थाने में टीआई के अनुपस्थित रहने के दौरान एक नाबालिग से छेड़छाड़ और गंभीर अपराध के मामले में पुलिस स्टाफ ने पीड़ित परिवार को थाने में करीब तीन घंटे बैठाया। बाद में जब टीआई आरडी कानवा थाने पहुंचे, तो परिवार ने उन्हें पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी। टीआई ने स्टाफ को फटकारते हुए आरोपी को हिरासत में लेने और तुरंत एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए। जबकि पिछले दिनों ही पुलिस कमिश्नर संतोष सिंह ने निर्देश दिए थे कि थाने में टीआई के अनुपस्थित रहने पर भी ड्यूटी अधिकारी सीनियर अधिकारियों को जानकारी देते हुए तत्काल एफआईआर दर्ज करें। इसके बावजूद कई थानों में यह निर्देश पालन नहीं किया जा रहा है। परदेशीपुरा पुलिस ने रविवार-सोमवार दरमियानी रात 10 वर्षीय लड़की की मां की शिकायत पर ग्यारसी लाल पुत्र देवचंद्र के खिलाफ छेड़छाड़ सहित गंभीर धाराओं में एफआईआर दर्ज की। इधर, मंगलवार को पीड़िता को 20 नंबर कोर्ट में धारा 164 के बयान के लिए पेश किया गया। पीड़िता की मां के मुताबिक आरोपी ने ढाई महीने पहले भी उनकी बेटी के साथ गलत हरकत की थी, लेकिन लोकलाज के कारण उस समय किसी को कुछ नहीं बताया गया। कबिट देने के बहाने बुलाया बेटी को पीड़िता की मां ने बताया कि वह ज्यादातर समय घर पर नहीं रहती। पहली बार आरोपी ने 25 नवंबर 2025 को बेटी को “कबिट देने” के बहाने बुलाया। इसके बाद उसने बच्ची को गोद में बैठाकर गलत हरकत की। बच्ची डरकर घर भाग गई और शाम को मां को पूरी घटना बताई। हालांकि, लोकलाज के कारण उन्होंने किसी को नहीं बताया और बेटी को समझाया कि ग्यारसी लाल के बुलाने पर न जाए। मोबाइल पर मिली नग्न तस्वीरें 17 जनवरी की रात मोबाइल देखने पर मां ने देखा कि बेटी की बिना कपड़ों की कुछ तस्वीरें थीं। जब बेटी से पूछा गया, तो उसने बताया कि ग्यारसी लाल ने यह तस्वीरें दिखाने को कहा और धमकी दी कि अगर ऐसा नहीं किया तो पिता को मार दिया जाएगा। इसके बाद पीड़िता ने पूरे मामले की जानकारी अपने पति को दी। पुलिस स्टाफ ने 3 घंटे बैठाया थाने में रविवार को परिवार आरोपी से मिलने गया, जहां ग्यारसी लाल और उसका बेटा योगेश अपशब्द बोले और मारपीट करते हुए धमकाया। इसके बाद पीड़ित परिवार बच्ची के साथ थाने पहुंचा। टीआई आरडी कानवा के न आने के कारण ड्यूटी पर मौजूद महिला अधिकारी ने परिवार की बात सुनी, लेकिन करीब तीन घंटे तक इंतजार कराया गया। रात में टीआई के आने पर एफआईआर दर्ज कर ग्यारसी लाल को हिरासत में लिया गया।