कुएं से बाहर निकलते ही तेंदुए का हमला:शिवपुरी में रेस्क्यू के दौरान मची अफरा-तफरी; 2 ग्रामीण घायल

शिवपुरी जिले के बैराड़ थाना क्षेत्र के उमरी गांव में शनिवार सुबह एक तेंदुए के रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान अचानक अफरा-तफरी मच गई। कुएं से बाहर निकालते ही तेंदुए ने वन विभाग की टीम और मदद कर रहे ग्रामीणों पर हमला कर दिया। इस हमले में दो ग्रामीण घायल हो गए, जिन्हें उपचार के लिए बैराड़ स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया है। जानकारी के अनुसार, उमरी गांव के पास एक तेंदुआ गाय के बछड़े का शिकार करने की कोशिश कर रहा था। इसी दौरान वह असंतुलित होकर एक गहरे कुएं में जा गिरा। ग्रामीणों ने कुएं में तेंदुए को देखा तो तत्काल इसकी सूचना वन विभाग को दी। सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम रेस्क्यू के लिए मौके पर पहुंची। तेंदुए को कुएं से सुरक्षित बाहर निकालने के लिए स्थानीय ग्रामीणों की भी मदद ली गई। बाहर आते ही भीड़ पर झपटा, मची भगदड़ काफी मशक्कत के बाद जैसे ही तेंदुए को कुएं से बाहर निकाला गया, वह अचानक बेकाबू हो गया। बाहर आते ही उसने वहां मौजूद भीड़ पर हमला कर दिया, जिससे मौके पर अफरा-तफरी और भगदड़ मच गई। तेंदुए के इस अचानक हुए हमले में भिलौड़ी निवासी 59 वर्षीय मोहन सिंह (पुत्र भूपसिंह यादव) और 35 वर्षीय बुद्धा (पुत्र पूरन सिंह मोगिया) घायल हो गए। घटना के तुरंत बाद वन विभाग की टीम ने तत्परता दिखाते हुए दोनों घायलों को बैराड़ स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया, जहां उनका उपचार चल रहा है। पोहरी रेंजर ने मामले से जताई अनभिज्ञता इस पूरे घटनाक्रम को लेकर पोहरी रेंजर श्रुति राठौर का बयान भी सामने आया है। उन्होंने बताया कि जिस स्थान पर यह घटना हुई है, वह वन क्षेत्र श्योपुर जिले की बेहरदा बीट के अंतर्गत आता है। इसी वजह से उन्हें इस मामले और रेस्क्यू ऑपरेशन की कोई आधिकारिक जानकारी नहीं है।

कुएं से बाहर निकलते ही तेंदुए का हमला:शिवपुरी में रेस्क्यू के दौरान मची अफरा-तफरी; 2 ग्रामीण घायल
शिवपुरी जिले के बैराड़ थाना क्षेत्र के उमरी गांव में शनिवार सुबह एक तेंदुए के रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान अचानक अफरा-तफरी मच गई। कुएं से बाहर निकालते ही तेंदुए ने वन विभाग की टीम और मदद कर रहे ग्रामीणों पर हमला कर दिया। इस हमले में दो ग्रामीण घायल हो गए, जिन्हें उपचार के लिए बैराड़ स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया है। जानकारी के अनुसार, उमरी गांव के पास एक तेंदुआ गाय के बछड़े का शिकार करने की कोशिश कर रहा था। इसी दौरान वह असंतुलित होकर एक गहरे कुएं में जा गिरा। ग्रामीणों ने कुएं में तेंदुए को देखा तो तत्काल इसकी सूचना वन विभाग को दी। सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम रेस्क्यू के लिए मौके पर पहुंची। तेंदुए को कुएं से सुरक्षित बाहर निकालने के लिए स्थानीय ग्रामीणों की भी मदद ली गई। बाहर आते ही भीड़ पर झपटा, मची भगदड़ काफी मशक्कत के बाद जैसे ही तेंदुए को कुएं से बाहर निकाला गया, वह अचानक बेकाबू हो गया। बाहर आते ही उसने वहां मौजूद भीड़ पर हमला कर दिया, जिससे मौके पर अफरा-तफरी और भगदड़ मच गई। तेंदुए के इस अचानक हुए हमले में भिलौड़ी निवासी 59 वर्षीय मोहन सिंह (पुत्र भूपसिंह यादव) और 35 वर्षीय बुद्धा (पुत्र पूरन सिंह मोगिया) घायल हो गए। घटना के तुरंत बाद वन विभाग की टीम ने तत्परता दिखाते हुए दोनों घायलों को बैराड़ स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया, जहां उनका उपचार चल रहा है। पोहरी रेंजर ने मामले से जताई अनभिज्ञता इस पूरे घटनाक्रम को लेकर पोहरी रेंजर श्रुति राठौर का बयान भी सामने आया है। उन्होंने बताया कि जिस स्थान पर यह घटना हुई है, वह वन क्षेत्र श्योपुर जिले की बेहरदा बीट के अंतर्गत आता है। इसी वजह से उन्हें इस मामले और रेस्क्यू ऑपरेशन की कोई आधिकारिक जानकारी नहीं है।